विशेष संवाददाता पटना/सुपौल:
पटना के गाय घाट पर आयोजित “महा जुटान–3” के बाद बिहार राजस्व सेवा के अधिकारियों का आंदोलन और तेज हो गया है। इस बीच सुपौल जिले के राघोपुर अंचलाधिकारी (सीओ) सुश्री रश्मि प्रिया ने सरकार की कार्रवाई पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार सुनियोजित तरीके से केवल उन अधिकारियों को निलंबित कर रही है, जो उनके संगठन “बिरसा” से जुड़े पदाधिकारी हैं, ताकि आंदोलन को कमजोर और मांगों को भटकाया जा सके।
रश्मि प्रिया ने बताया कि वे स्वयं सुपौल जिले में “बिरसा” की जिलाध्यक्ष हैं और संगठन से जुड़े पदाधिकारियों को ही टारगेट किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी दो चरणों में तीन-तीन अंचलाधिकारियों को निलंबित किया गया था और अब हालिया कार्रवाई में 41 सीओ को निलंबित कर दिया गया है। उनके अनुसार, इन सभी अधिकारियों में अधिकांश वे हैं जो विभिन्न जिलों में संगठन के जिलाध्यक्ष या अन्य महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों पर हैं।
निलंबन को बताया दमनात्मक कदम
रश्मि प्रिया ने कहा कि यह कार्रवाई आंदोलन की आवाज को दबाने का प्रयास है, लेकिन इससे अधिकारियों का मनोबल टूटने वाला नहीं है। उन्होंने दोहराया कि उनकी मांग पूरी तरह सेवा-संबंधी और न्यायसंगत है, जो भूमि सुधार उप समाहर्ता (डीसीएलआर) पद पर राजस्व सेवा के अधिकारियों के प्रमोशन से जुड़ी है।
41 निलंबित अंचलाधिकारियों की सूची
सरकार द्वारा निलंबित किए गए प्रमुख अंचलाधिकारियों में शामिल हैं—
रंजित कुमार उपाध्याय (मखदुमपुर, जहानाबाद)
पुष्कल कुमार (पहाड़पुर, पूर्वी चंपारण)
रश्मि प्रिया (राघोपुर, सुपौल)
मधुसुदन चौरसिया (नोखा, रोहतास)
निकिता अग्रवाल (श्रीनगर, पूर्णिया)
अर्चना कुमारी (टेटिया बंबर, मुंगेर)
मोहित सिन्हा (परवलपुर, नालंदा)
नजमुल हसन (जोकीहाट, अररिया)
सुमन सौरभ (हिसुआ, नवादा)
विवेक कुमार सिंह (गौनाहा, पश्चिम चंपारण)
लखेंद्र कुमार (पिरो, भोजपुर)
पुनीत कौशल (खगड़िया सदर)
नरेन्द्र कुमार सिंह (बाढ़, पटना)
अमित कुमार (बेलदौर, खगड़िया)
विश्वास आनंद (घाटकुसुम्बा, शेखपुरा)
शैलेन्द्र कुमार यादव (दाउदनगर, औरंगाबाद)
गजानंद मेहता (बेलागंज, गया)
प्रेम आनंद प्रसाद (सोनभद्र बंसी सूर्यपुर, अरवल)
कुमार रोहित (तरियानी, शिवहर)
संजीव कुमार (पूर्णिया पूर्व, पूर्णिया)
विश्वजीत सिंह (बोचहाँ, मुजफ्फरपुर)
मनीष कुमार (बरारी, कटिहार)
उदयकांत मिश्र (चौसा, मधेपुरा)
मोहित राज (पोठिया, किशनगंज)
पंकज कुमार (सिसवन, सिवान)
सतीश कुमार सिंह (इसुआपुर, सारण)
प्रशांत कुमार झा (झंझारपुर, मधुबनी)
रविकांत (मनीगाछी, दरभंगा)
रविकांत (लक्ष्मीपुर, जमुई)
राकेश आनंद (बड़हिया, लखीसराय)
सतीश कुमार गुप्ता (चाँद, कैमूर)
रंधीर रमण (विभूतिपुर, समस्तीपुर)
नंदन कुमार (चेरिया बरियारपुर, बेगूसराय)
(इसके अतिरिक्त भी कुछ अन्य अधिकारियों के निलंबन की जानकारी सामने आई है।)
आंदोलन और तेज करने की चेतावनी
संयुक्त संघर्ष मोर्चा के नेताओं ने कहा कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक पहल नहीं की, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि संगठन सरकार से संवाद के लिए तैयार है, लेकिन अपने अधिकारों से पीछे नहीं हटेगा।
अधिकारियों ने एक स्वर में कहा कि यह संघर्ष केवल प्रमोशन का नहीं, बल्कि सम्मान और अधिकारों की रक्षा का है, जिसे किसी भी हाल में जारी रखा जाएगा।
खबरें और भी हैं…….




