राघोपुर (सुपौल)।
सुपौल जिले के राघोपुर थाना क्षेत्र के सिमराही में बिना आवश्यक अनुमति और लाइसेंस के संचालित किए जा रहे नशा मुक्ति केंद्र का रविवार शाम एसडीएम विनय कुमार ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान केंद्र में कई तरह की अव्यवस्थाएं सामने आईं। संचालन से संबंधित आवश्यक कागजात और लाइसेंस उपलब्ध नहीं कराए जाने पर एसडीएम ने संचालक को फटकार लगाई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। प्रशासन की टीम ने केंद्र में मरीजों को दी जाने वाली दवाइयां भी जब्त कीं।
निरीक्षण के दौरान रेफरल अस्पताल राघोपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपनारायण राम और राघोपुर थाना पुलिस मौजूद रही। एसडीएम ने केंद्र के विभिन्न हिस्सों का जायजा लेने के साथ वहां भर्ती लोगों की स्थिति की जानकारी ली। जांच के दौरान केंद्र में कुल 70 मरीज भर्ती मिले। अधिकारियों के अनुसार मरीजों को अस्वच्छ और अनहाइजिनिक परिस्थितियों में रखा गया था।
24 घंटे में मरीजों को घर भेजने का निर्देश
एसडीएम विनय कुमार ने बताया कि प्रशासन को सूचना मिली थी कि राघोपुर क्षेत्र में बिना आवश्यक अनुमति के नशा मुक्ति केंद्र संचालित किया जा रहा है। सूचना के आधार पर एमओआईसी और राघोपुर थाना पुलिस के साथ केंद्र का निरीक्षण किया गया। इस दौरान संचालन से संबंधित आवश्यक कागजात उपलब्ध नहीं कराए गए। जांच में केंद्र का संचालन बिना आवश्यक अनुमति के किए जाने की बात सामने आई।
उन्होंने बताया कि केंद्र में 70 लोग भर्ती मिले। केंद्र की व्यवस्था और मरीजों के रहने की स्थिति को देखते हुए संचालक को सभी मरीजों को 24 घंटे के अंदर उनके घर भेजने का निर्देश दिया गया है। साथ ही एमओआईसी और राघोपुर थाना पुलिस को मामले में आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है। निरीक्षण के दौरान मरीजों को खिलाई जाने वाली दवाइयों को भी जब्त किया गया।
अस्वच्छ स्थिति में रखे गए थे मरीज
रेफरल अस्पताल राघोपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपनारायण राम ने बताया कि केंद्र बिना लाइसेंस के संचालित किया जा रहा था। निरीक्षण के दौरान 70 मरीज मिले। मरीजों को काफी अस्वच्छ और अनहाइजिनिक तरीके से रखे जाने की स्थिति सामने आई। इसे देखते हुए सभी मरीजों को 24 घंटे के अंदर घर भेजने का निर्देश दिया गया है।
उन्होंने बताया कि मरीजों को हटाए जाने के बाद केंद्र के संचालन से जुड़े मामले में संबंधित लोगों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना आवश्यक अनुमति और लाइसेंस के नशा मुक्ति केंद्र समेत ऐसे संस्थानों का संचालन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
खबरें और भी हैं…




